रायपुर। छत्तीसगढ़ में आयुष्मान योजना के जरिये प्रायवेट अस्पताल मालिक मालामाल तो हो ही रहे हैं, सरकारी अस्पताल भी आयुष्मान योजना से वसूली कर रहे हैं। आलम यह है कि रेडक्रॉस सोसाइटी से सरकारी अस्पताल 1100 रुपए में ब्लड खरीदते हैं और आयुष्मान योजना से काट रहे हैं 2650 रुपये। याने दुगुना से अधिक मार्जिन। प्रायवेट अस्पताल एक बार लूटे तो समझ में आता है मगर सरकारी अस्पतालों को इस तरह आयुष्मान में कमाई करने की बात हजम नहीं होती।

जानकारों का कहना है कि अगर रेडक्रॉस सोसाइटी से सरकारी अस्पताल 11 सौ में ब्लड खरीद रहे तो इसी के आसपास राशि आयुष्मान से काटनी चाहिए। बता दें, रेडक्रॉस सोसाइटी का 95 परसेंट से अधिक ब्लक सरकारी अस्पतालों को सप्लाई होता है। पता चला है, सरकारी अस्पतालों द्वारा आयुष्मान योजना में दुगुने से अधिक ब्लड का रेट वसूलने की शिकायत पिछली कांग्रेस सरकार के दौरान स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव से की गई थी। मगर कुछ हुआ नही। तब तक चुनाव आ गया।
रेडक्रॉस के चेयरमैन बोले…: छत्तीसगढ़ रेडक्रॉस सोसाइटी के चेयरमैन पूर्व आईएएस एमके राउत ने एनपीजी न्यूज से बातचीत में स्वीकार किया कि रेडक्रॉस से 1100 में सरकारी अस्पतालों को ब्लड सप्लाई होता है। उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पतालों द्वारा आयुष्मान योजना में अधिक राशि काटी जाने के मामले में स्वास्थ्य मंत्री को अवगत कराने के लिए उन्होने टाईम मांगा है…मुलाकात होने पर उन्हें वस्तुस्थिति बताएंगे।
(एनपीजी न्यूज)
