विधायक, महापौर और निगम आयुक्त की बिना जानकारी के अधिकारी और ठेकेदार ने विकास का खाका खींच दिया। यह कार्य आदर्श आचार संहिता के दौरान नगर निगम के कुछ अधिकारियों और ठेकेदारों की मिलीभगत से किया गया है। जल्दबाजी में रातों रात दो दिन में सड़क डामरीकरण हो गया।गुणवत्ता से दूर जिस सड़क पर रात भर काम कर जल्द बिल पास करवाने की जुगत लगाई गई, उस सड़क की हालत अभी खराब होने लगी है। नतीजतन स्मृति नगर और आनंद नगर क्षेत्र के रहवासियों ने तत्काल बड़ी संख्या में इसकी शिकायत वैशाली नगर विधायक रिकेश सेन से की है।

विधायक ने जब निगम कमिश्नर और महापौर से इस संबंध में बातचीत की, तो उन्हें भी यह कार्य कराए जाने की सूचना तक नहीं थी। बिना सूचना के आचार संहिता के बीच धड़ल्ले से यह काम करवाया जाना एक बड़े षडय़ंत्र और भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा है। विधायक सेन लोकसभा चुनाव में अपनी पार्टी का प्रचार करने दीगर राज्य के दौर पर गए थे। उनके लौटने पर निगम अधिकारियों की एक और करतूत विधायक के संज्ञान में आई है। विधायक सेन ने कलेक्टर को पत्र लिखकर शारदापारा कैंप-2 तालाब में रिटेनिंग वॉल निर्माण की जांच करवाने कहा है।
विधायक ने बताया कि वैशाली नगर विधानसभा क्षेत्र के तहत शारदा पारा तालाब कैंप-2 में रिटेनिंग वॉल निर्माण कार्य तालाब की लुगदी और मलबे की साफ-सफाई के बाद नगर निगम से किया जाना था, लेकिन एजेंसी ने बिना सफाई काम शुरु कर दिया। लुगदी के उपर रिटेनिंग वॉल का निर्माण किया जा रहा है। जिससे रिटेनिंग वॉल निर्माण में अपेक्षित मजबूती नहीं होगी व रिटेनिंग वॉल बहुत जल्दी ही खराब होने की आशंका है।
दो दिनों में निपटा डामरीकरण
स्मृति नगर और आनंद नगर में बिना विधायक, आयुक्त और महापौर के संज्ञान में लाए जो डामरीकरण कार्य दो दिन के भीतर निपटा दिया गया है, वह कार्य निगम से ठेका कंपनी सीमा और क्वालिटी कंस्ट्रक्शन कर रही है। अधोसंरचना मद का यह पूरा काम 43 लाख का था, जिस पर आचार संहिता के दौरान निगम अधिकारी और ठेकेदार की मिलीभगत का आरोप लग रहा है। निगम अधिकारी ने संबंधित ठेका कंपनी को दो दिन का टारगेट देकर आनन फानन काम पूरा करने कहा। विधायक ने इसे गंभीरता से लिया और आयुक्त से दोषियों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
