उद्योगपति गौतम अडानी के अडानी समूह ने दुनिया की सबसे बड़ी सर्च इंजन कंपनी गूगल के साथ एक बड़ी पार्टनरशिप की है. ये पार्टनरशिप भविष्य की पीढ़ियों के लिए पर्यावरण की रक्षा करने और सस्टेनबिलिटी की दिशा में काम करने से जुड़ी है. अडानी ग्रुप और गूगल दोनों मिलकर अब ग्रीन एनर्जी सेक्टर में एक-दूसरे का सहयोग करेंगे.अडानी ग्रुप ने एक बयान में कहा है कि दोनों कंपनियां अपने सस्टेनबिलिटी गोल को पूरा करने के लिए एक दूसरे का सहयोग करेगी. साथ ही इस कदम से भारतीय ग्रिड में ग्रीन एनर्जी के सोर्स को बढ़ाने में भी मदद मिलेगी. गूगल ने अडानी ग्रुप के साथ पार्टनरशिप की घोषणा यहां गूगल फॉर इंडिया कार्यक्रम में की.

कैसे काम करेगी गूगल-अडानी की पार्टनरशिप?
अडानी ग्रुप का कहना है कि इस पार्टनरशिप में वह गूगल को 61.4 मेगावाट रिन्यूएबल एनर्जी की सप्लाई करेगा. ये सप्लाई गुजरात के खावड़ा में बन रहे अडानी ग्रुप के रिन्यूएबल एनर्जी प्लांट से होगी. ये दुनिया का सबसे बड़ा 30 गीगावाट का ग्रीन एनर्जी प्रोजेक्ट है. इसी प्रोजेक्ट के तहत एक नई सोलर और विंड पावर हाइब्रिड योजना तैयार की जा रही है. इस नई परियोजना का कमर्शियल ऑपरेशन 2025 की तीसरी तिमाही में शुरू होने की उम्मीद है.
इतना ही नहीं गूगल ने इसी कार्यक्रम में क्लीनमैक्स से 125.4 मेगावाट ग्रीन एनर्जी खरीदने का भी सौदा किया है. इससे कंपनी को अपने पूरे ऑपरेशंस को ग्रीन एनर्जी पर शिफ्ट करने में सहयोग मिलेगा.
अडानी ग्रुप ने किया है मर्जर
हाल में अडानी ग्रुप की फ्लैगशिप कंपनी अडानी एंटरप्राइजेज ने अपनी दो सब्सिडियरी का मर्जर किया है. अडानी इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड और मुंद्रा सोलर टेक्नोलॉजी लिमिटेड का मर्जर ‘Adani New Industries Ltd’ में किया गया है. ये कंपनी भी अडानी एंटरप्राइजेज की सब्सिडियरी है. ये कंपनी थर्मल और सोलर पावर प्रोजेक्ट को डेवलप करने का काम करती है. वहीं ANIL ग्रीन हाइड्रोजन और विंड टरबाइन बनाने पर भी फोकस करेगी.
