
छत्तीसगढ़ में नौतपा के पहले ही दिन शनिवार को गर्मी से लोगों का बुरा हाल रहा। दिन भर कड़ी धूप, तो रात में गर्म हवाओं के चलते लोग बेहाल रहे। स्थित ये रही कि अधिकतम व न्यूनतम दोनों तापमान में बढ़ोतरी बर्ज की गई। सही नहीं मौसम विभाग ने आगामी दिनों मेें अधिकतम में 2 से 3 डिग्री और बढ़ोतरी की आशंका जताई है।
मौसम विज्ञानी एचपी चंद्रा के अनुसार एक द्रोणिका उत्तर-पश्चिमी राजस्थान के ऊपर स्थित चक्रवाती परिसंचरण से पश्चिमी मध्यप्रदेश होते हुए पश्चिमी विदर्भ तक औसत समुद्र तल से 0.9 किमी ऊपर तक स्थित है। आगामी 24 घंटे में जिले के कुछ स्थानों में अंधड़ के साथ हल्की बारिश का अनुमान है।
केरल में 31 मई को मानसून के दस्तक देने के पूर्वानुमान के साथ ही देश के अन्य राज्यों में भी मानसून की शुरुआत हो जाएगी। वहीं मौसम विभाग के पूर्वनुमान के अनुसार मानसून 13 जून को बस्तर से होते हुए छत्तीसगढ़ में प्रवेश करेगा।
इस वर्ष पिछले वर्ष की तुलना में अच्छी बारिश होने की भी उम्मीद है। मौसम विभाग ने 106 प्रतिशत तक बारिश होने का पूर्वानुमान जारी किया है। मौसम वैज्ञानिक एचपी चंद्रा ने बताया कि मानसून के जगदलपुर पहुंचने की सामान्य तिथि 13 जून है।
इस वर्ष 106 प्रतिशत वर्षा की संभावना का मतलब है कि सामान्य से इस वर्ष अधिक बारिश होने की संभावना है। इसका मुख्य कारण एलनीनो है, एलनीनो का प्रभाव कम हो गया है यानी न्यूट्रल कंडीशन पर है। जिसके कारण इस वर्ष अच्छे मानसून की संभावना है। मानसून आमतौर पर 1 जून को केरल में प्रवेश करता है, इसके बाद यह उत्तर की ओर बढ़ता है, और 15 जुलाई के आस-पास पूरे देश को कवर कर लेता है।
शुक्रवार को अधिकतम तापमान 39.4 डिग्री सेल्सियस था, जो शनिवार को बढ़ कर 40.4 डिग्री हो गया। इसी तरह न्यूनतम तापमान 27.6 डिग्री सेल्सियस था जो बढ़ कर 28. 8 डिग्री दर्ज (Weather Update) किया गया। इस तरह शुक्रवार के मुकाबले दोनों तापमान में 1-1 डिग्री से ज्यादा की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
नौतपा के पहले दिन शनिवार को सुबह से ही कड़ी धूप रही, जो शाम तक बनी रही। माना जा रहा था कि हर रोज की तरह आज भी शाम होते ही तेज हवाओं के साथ काली घटाएं छाएंगी, पर ऐसा नहीं हुआ। दिन भर धूप की तपिश शाम ही नहीं, रात में भी बनी रही। गर्म हवाओं के चलते रात में गर्मी व उमस (CG Weather Update) से लोग परेशान रहे। दिन में कड़ी धूप के चलते शहर की कुछ सड़कें भी वीरान रहीं, तो दोपहर बाजार में भीड़ कम नजर आई। ज्यादातर लोग घरों में ही कूलर, पंखा, एसी के पास डटे रहे।
ये सावधानी जरूरी
> दोपहर धूप में निकलने से बचें
> निकलना ही पड़े तो शरीर को ढक कर धूप वाला चश्मा लगाकर
> दिन भर में कम से कम 5 से 7 लीटर पानी पीएं
> हल्का भोजन कर, खाने में फल व सलाद का ज्यादा उपयोग करें
> सीधे न तो धूप में जाएं और न ही एसी-कूलर के सामने। यदि काम पर जाना है तो एसी-कूलर से हटकर 10-15 मिनट सामान्य टेप्रेचर में रहें । धूप से वापस आने पर पहले खुद का टेप्रेचर सामान्य कर लें फिर एसी-कूलर चालू करें।








