1 नवंबर को छत्तीसगढ़ में राज्योत्सव मनाया जा रहा है. इस मौके पर अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा का भी PM मोदी ने अनावरण किया.
रायपुर. छत्तीसगढ़ अपनी स्थापना की रजत जयंती मना रहा है. राज्य गठन के 25 साल पूरे हो गए हैं. इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी रायपुर पहुंचे हैं. उन्होंने छत्तीसगढ़ विधानसभा के नए भवन का उद्घाटन किया. साथ ही, अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा का भी अनावरण प्रधानमंत्री मोदी ने किया. इस दौरान PM मोदी ने कहा कि, आज का दिन स्वर्णिम शुरुआत का दिन है.
संविधान के निर्माताओं को किया नमन: प्रधानमंत्री ने कहा कि, 2025 भारतीय गणराज्य का अमृत वर्ष है. उन्होंने इस अवसर पर संविधान सभा में छत्तीसगढ़ क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले महान विभूतियों को नमन किया. कहा कि, पं. रविशंकर शुक्ल, बैरिस्टर ठाकुर छेदीलाल, घनश्याम सिंह गुप्त, किशोरी मोहन त्रिपाठी, रामप्रसाद पोटाई और रघुराज सिंह, इन विभूतियों ने बाबा साहेब अंबेडकर के नेतृत्व में संविधान निर्माण में अहम भूमिका निभाई. तब का यह अंचल भले ही पिछड़ा था, लेकिन इन लोगों ने दिल्ली जाकर राष्ट्रनिर्माण में अपनी छाप छोड़ी.
PM मोदी के भाषण की बड़ी बातें
भारत आज आतंक के विनाश की प्रतिज्ञा करके आतंकियों की कमर तोड़ रहा है.
कार्यकर्ता के रूप में मैंने छत्तीसगढ़ में लंबा समय बिताया है, यहां से मुझे बहुत कुछ सीखने को मिला है.
2000 में जब इस सुंदर राज्य की स्थापना हुई, तो पहली विधानसभा की बैठक राजकुमार कॉलेज के हॉल में हुई थी. वो समय सीमित संसाधनों का तो था, लेकिन असीम सपनों का था.
आज पूरा देश विरासत और विकास को साथ लेकर चल रहा है. ये भावना सरकार की हर नीति और निर्णय में भी दिखती है.
25 साल में छत्तीसगढ़ ने जो परिवर्तन देखा है वो अद्भुत और प्रेरणादायी है. कभी यह राज्य नक्सलवाद और पिछड़ेपन से पहचाना जाता था। आज वही राज्य समृद्धि, सुरक्षा और स्थायित्व का प्रतीक बन रहा है.
मुझे इस भवन में बस्तर आर्ट की झलक दिखाई, कुछ महीने पहले थाईलैंड के प्रधानमंत्री को मैंने यही बस्तर आर्ट भेंट की थी- नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री
अटल जी का सपना साकार हो रहा है: PM मोदी ने राज्य के निर्माता भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी को नमन करते हुए कहा कि, अटल जी, देखिए..! आपका बनाया हुआ छत्तीसगढ़ आज आत्मविश्वास से भरा है, विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है. आपका सपना साकार हो रहा है.
छत्तीसगढ़ी संस्कृति का प्रतिबिंब: प्रधानमंत्री ने कहा कि यह भवन छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति का प्रतिबिंब है. यहां की दीवारों में गुरु घासीदास जी का संदेश ‘मनखे-मनखे एक समान’ गूंजता है. हर द्वार में माता शबरी की आत्मीयता है, हर कुर्सी में संत कबीर की सच्चाई और निडरता है. इसकी नींव में महाप्रभु वल्लभाचार्य जी का ‘नर सेवा, नारायण सेवा’ का संकल्प है.
मुरिया दरबार, आदिम संसद की परंपरा: मोदी ने कहा कि भारत लोकतंत्र की जननी है और उसका आदिवासी समाज सदियों से लोकतांत्रिक परंपराओं को जीता आया है. बस्तर का ‘मुरिया दरबार’ लोकतंत्र की आदिम संसद का जीवंत उदाहरण है.
सीमित संसाधन से हुई शुरुआत: प्रधानमंत्री ने कहा कि, छत्तीसगढ़ की पहली विधानसभा बैठक रायपुर के राजकुमार कॉलेज परिसर के जशपुर हॉल में आयोजित की गई थी. शुरुआत भले ही सीमित संसाधन से हुई लेकिन आत्मविश्वास और असीम सपनों के साथ हुई. अब नया हाईटेक भवन छत्तीसगढ़ की नीति, नियति और नीतिकारों का केंद्र बनेगा.
रमन सिंह को लेकर कही बड़ी बात: क्रिकेट में तो आपने देखा होगा कि, जो पहले कैप्टन रहा हो वो भी बाद में टीम में प्लेयर बनकर खेलता है, लेकिन राजनीति में ऐसा बहुत कम दिखता है. रमन सिंह ऐसे उदाहरण दे सकते हैं जो कभी कैप्टन हुआ करता थे, वो अभी सच्चे कार्यकर्ता के रूप में छत्तीसगढ़ की सेवा में काम कर रहे हैं. वे सभी कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा हैं.
Chhattisgarh Assembly Inauguration
नए विधानसभा का PM मोदी ने किया उद्घाटन (ETV BHARAT CHHATTISGARH)
मोदी ने कहा- छत्तीसगढ़ में बहुत कुछ सीखने मिला: छत्तीसगढ़ के 25 साल पूरे होने पर मुझे नई विधानसभा का लोकार्पण करने का मौका मिला. इस अवसर पर सभी को राज्योत्सव की रजत जयंती की बधाई देता हूं. छत्तीसगढ़ में मुझे बहुत कुछ सीखने को मिला, मुझे यहां बड़ा आशीर्वाद मिला है.
लोकार्पण कार्यक्रम में ओम बिड़ला भी पहुंचे: विधानसभा भवन के उद्घाटन समारोह में प्रधानमंत्री मोदी के साथ राज्यपाल रामेन डेका, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला, विधानसभा अध्यक्ष रमन सिंह, CM साय, सांसद बृजमोहन अग्रवाल, डिप्टी सीएम अरुण साव, विजय शर्मा के साथ ही नेता प्रतिपक्ष महंत भी मंच पर मौजूद हैं.
रमन सिंह ने बताई खूबियां: विधानसभा स्पीकर रमन सिंह ने बताया कि, इस भवन का निर्माण 80 फीसदी स्वदेशी वस्तुओं से हुआ है. इसमें बस्तर का फर्नीचर और छत्तीसगढ़ के मजदूरों का परिश्रम लगा है. उन्होंने कहा कि, यह सिर्फ एक इमारत का नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की पहचान, आत्मनिर्भरता और लोकतांत्रिक परिपक्वता की कहानी है.
प्रधानमंत्री ने हमें कई सुझाव दिए हैं कि, नया विधानसभा और कैसे बेहतर हो सकता है, मैं आश्वस्त करता हूं कि, उनके मार्गदर्शन में विधानसभा ना केवल ग्रीन रहेगा बल्कि छत्तीसगढ़ के मान-सम्मान को बढ़ाएगा- रमन सिंह, विधानसभा अध्यक्ष
आज प्रधानमंत्री के करकमलों से हमारे भव्य विधानसभा भवन का लोकार्पण हुआ है जिसके लिए मैं अपने मंत्रिगण, अधिकारीगण और समस्त छत्तीसगढ़ वासियों को बहुत बधाई देना चाहूंगा- विष्णुदेव साय, मुख्यमंत्री
CM ने कहा ये दिन ऐतिहासिक: मुख्यमंत्री साय ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि, छत्तीसगढ़ के लिए आज का दिन ऐतिहासिक है. 1 नवंबर 2025 का दिन छत्तीसगढ़ के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों से लिखा जाएगा, क्योंकि आज पीएम मोदी छत्तीसगढ़ रजत जयंती के समारोह में शामिल हुए हैं.








